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August 30, 2025 8:06 pm

!! राधा बाग में – “श्रीहित चौरासी” !!-( चिद् घन श्रीवृन्दावन – “श्रीवृन्दावन अति रम्य” ) : Niru Ashra

!! राधा बाग में – “श्रीहित चौरासी” !!-( चिद् घन श्रीवृन्दावन – “श्रीवृन्दावन अति रम्य” ) : Niru Ashra

!! राधा बाग में – “श्रीहित चौरासी” !! ( चिद् घन श्रीवृन्दावन – “श्रीवृन्दावन अति रम्य” ) गतांक से आगे – प्रेम जितना घनीभूत होता जाएगा , ये श्रीवृन्दावन का क्षेत्र और सिमटता जाएगा । श्रीवृन्दावन का अत्यधिक सूक्ष्म प्रदेश निकुँज ही है । यहाँ बात स्थूल श्रीवृन्दावन की नही हो रही …वैसे स्थूल से … Read more

!! “श्रीराधाचरितामृतम्” 70 !! वो ममता की मारी – मैया यशोदा भाग 1 : Niru Ashra

!! “श्रीराधाचरितामृतम्” 70 !! वो ममता की मारी – मैया यशोदा भाग 1 : Niru Ashra

!! “श्रीराधाचरितामृतम्” 70 !! वो ममता की मारी – मैया यशोदाभाग 1 हे वज्रनाभ ! प्रेम के अनेक रूप है …….जैसे ईश्वर के अनेक रूप होते हैं ऐसे ही प्रेम के भी अनेक रूप हैं । प्रेमरस का एक रूप ये है – वात्सल्य । माँ का हृदय जब तड़फता है अपनें पुत्र के लिये … Read more