🥰 श्रीसीताराम शरणम् मम 🥰🙏(53-1),श्रीकृष्णकर्णामृत – 73 & श्रीमद्भगवद्गीता : नीरु आशरा
Niru Ashra: श्रीकृष्णकर्णामृत – 73 “विलक्षण रस गोष्ठी” पशुवाल-बाल-परिषद्विभूषणः शिशुरेष शीतल-विलोललोचनः । मृदुल-स्मिताद्रं-वदनेन्दु -सम्पदा , मदयन्मदीय-हृदयं विगाहते।७१ । हे साधकों ! आनन्द आरहा है ना इस रस राज्य की यात्रा में ? ‘श्रीकृष्णकर्णामृत’ के माध्यम से बिल्वमंगल के साथ हमें भी दर्शन हो रहे हैं उस नटवर किशोर के । जी , बिल्वमंगल के अश्रु … Read more